महात्मा गांधी की ये नौ बातें बदल देंगी आपका जीवन

यहां हम आपको उनकी ऐसी ही नौ बातों से अवगत करा रहे हैं जो आपके जीवन दर्शन को नया आयाम दे सकती हैं।

1. ईश्वर के नाम तो अनेक हैं लेकिन सत्य मात्र एक ही है, इसलिए सत्य ही ईश्वर है।

2. सत्य के दर्शन बिना अहिंसा के हो ही नहीं सकते। इसलिए, कहा गया है कि अहिंसा ही परम धर्म है।

3. सत्य और अहिंसा का पालन ब्रह्मचर्य, अस्तेय, अपरिग्रह, अभय, सर्वधर्म समानता, अस्पृश्यता निवारण इत्यादि के बगैर हो ही नहीं सकता।

4. ब्रह्मचर्य का अर्थ यहां मन, वचन और कर्म से पूरी तरह इंद्रिय निग्रह है। जो व्यक्ति मन से विकारमय रहता है, वह कभी सच्चा ब्रह्मचारी नहीं बन सकता।

5. जिस वस्तु की हमें आवश्यकता ही नहीं है उसे रखना या लेना भी चोरी के समान है और चोरी हिंसा का ही एक रूप है।

6. हम किसी भी ऐसी चीज का संग्रह न करें जिसकी हमें आज जरूरत नहीं है।

7. किसी भी प्रकार के डर का भाव नहीं होना चाहिए। मौत, मारपीट, भूख, अपमान, लोक लाज, भूत-प्रेत, क्रोध आदि के डर से मुक्ति ही अभय है।

8. अपने धर्म को आदर देने के साथ ही दूसरे के धर्म को भी वही मान दें। मात्र सहिष्णुता से ही काम नहीं चलेगा।

9. न कोई ऊंचा है और न कोई नीचा।


Related Items

  1. जीवन की आश्वस्ति तो न यहां है, और ना ही वहां...

  1. मानव जीवन को बचाने की जिद में जुटे हैं सभी धर्म

  1. इंदिरा गांधी और देशप्रेम की राह

loading...