मथुरा। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा0 एस0के0 मलिक ने अपनी विज्ञप्ति के माध्यम से बताया है कि ग्राम बड़ौता, विकास खण्ड मथुरा में भेड़ बकरियों में बीमारी की सूचना प्राप्त हुई है। मौके पर मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी के नेतृत्व में पशुपालन विभाग की टीम द्वारा कैम्प का आयोजन किया गया। जिसमें 21 भेड़ एवं 01 बकरी के मरने की सूचना प्राप्त हुई। कुल 169 भेड़ एवं 09 बकरियां बीमार पायी गयी जिनका मौके पर विधिवत उपचार किया गया। जिसमें 05 भेड़ों की स्थिति गम्भीर है। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी के अनुरोध पर वेटनरी विश्व विद्यालय एवं सीआईआरजी, मखदूम फरह से वैज्ञानिकों की टीम डा0 एस0बी0 सिंह के नेतृत्व में ग्राम बड़ौता का भ्रमण किया गया एवं विधिवत परीक्षण के बाद वैज्ञानिकों द्वारा बताया गया कि बेमौसम हुई बरसात एवं ओलावृष्टि के दौरान खेतों पर गिरे हुए अंकुरित या सड़े गेंहॅू के दाने के ज्यादा खा जाने से हुई है। जिसकी बजह से पशुओं में रूमिनल एसीडोसिस (रूमेन की अम्लता) की बीमारी हो जाती है। मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी द्वारा किसान भाईयों से अनुरोध किया गया है कि पशु पालक अपनी भेड बकरियों को खेतों में कम से कम चराऐं ताकि उनका बीमारी से बचाव किया जा सके।





