जहाॅ नाला था आज वहाॅ आज मनोहारी दृश्य है

यमुना मिशन द्वारा कृष्णगंगा घाट से गऊघाट व यमुना किनारें किये जा रहे कार्यो से वहाॅ का पूर्व का नजारा बदल चुका है। यमुना मिशन के कार्यालय पर अधिवक्ताओं का एक दल पहुॅचा उन्होने कृष्णगंगा घाट से गऊघाट तक के बदले स्वरूप को देख यमुना मिशन के कार्यो की सराहना की। 

वरिष्ठ अधिवक्ता विजय कृष्ण (अनमोल जी ), एड. अजय अग्रवाल ने संयुक्त रूप से कहा कि यहाॅ की हरियाली और इस सुन्दर दृश्य को देख कोई भी यह नहीं कह सकता कि कभी इस जगह दुर्गन्ध पूर्ण नाला बहा करता था। यमुना मिशन द्वारा सराहनिय कार्य किया है जिसमें हम अधिवक्ता गण उनके साथ है। उन्होने यह भी कहा कि यमुना मिशन द्वारा वृक्षारोपण, यमुना शुद्धि और घाटों तथा कुण्डों की रक्षा का कार्य किया जा रहा है इन सभी कार्यो  से ब्रज की संस्कृति एवं धरोहरों की रक्षा हो रही है जिसकी वर्तमान में सख्त आवश्यकता है। 

पन्नू सेठ, प्रमुख मुखिया, राजू पेण्टर एवं भूरा पंडित ने कहा कि यमुना भक्तों की मेहनत और लगन के चलते कृष्णगंगा गऊघाट की स्थिति में  परिवर्तन हुआ भक्तों श्रद्धा के वशीभूत प्राकृतिक जलस्त्रोंतों से स्वच्छ यमुना स्वरूपा जल जिसने कृष्णगंगा घाट से लेकर गऊघाट तक के घाटों की शोभा बढाई। इसी में लोग आचमन स्नान पूजन कर रहे है परन्तु इतने प्र्रयासों के बाद भी घाटों वाली यमुना में सीवर का पानी मिलने यमुना भक्त हताश होते है इसलिये यमुना मिशन के कार्यकर्ता सभी से सहयोग एवं सुझावों की अपील करते है जिससे यमुना में गन्दा पानी न मिले।

इस अवसर पर एड. उमाशंकर शर्मा, एड. संजय सिंह, मदन व्यास, लपुटी पंडित, मुकेश ठाकुर, मीरा गोस्वामी, राजेश तिवारी, सूरजभान गोयल, शुभम कश्यप आदि उपस्थित रहे।

 


Subscribe now

Login and subscribe to continue reading this story....

Already a user? Login






Mediabharti