मथुरा। परम संत काष्र्णि गुरू शरणानंद जी महाराज की प्रेरणा व गोवर्धन के संत सियाराम बाबा के आशीर्वाद से यमुना शुद्धि संकल्प मिशन 2015 ने अपने जीर्णोद्वार कार्यो के अन्र्तगत यमुुना के घाटों के किनारे बने प्राचीन कुंओं को साफ करने की पहल शुरू कर दी है।
बुधवार को देवेन्द्र शर्मा के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने ऐसे कुंओं को चिन्हित किया जो वास्तव में गंदगी के साम्राज्य के कारण अपनी बदहाली पर स्वंय आंसू बहा रहे थे। पूरन कौशिक व खगुल भारद्वाज ने बताया कि मिशन द्वारा चक्रतीर्थ घाट से लेकर सकर कुई व विश्राम घाट तक यमुना के किनारे पडने वाले प्रत्येक कुएं को गंदगी से मुक्त कराने का कार्य प्रारम्भ करा दिया गया है। उन्होंने बताया कि इस कार्य के दौरान जीर्णोद्धार टीम कुओं मेें भरी पूजा साम्रगी व मलबे को निकाल रही है। मिशन का उद्ेश्य यमुना के घाटों की सफाई के साथ साथ ब्रज को प्रदूषण मुक्त कराना है। इस दौरान उन्होंने सफाई कार्य में लगी टीम की मुक्त कंठ से प्रशंसा करते हुए कहा कि इस कार्य में लगे श्रमिक भी यमुना भक्तों की तरह ही कार्य में लगे हैं और वे दिन प्रतिदिन क्षमता से अधिक कार्य कर इस मुहिम को आगे बढा रहे हंै। गुरूवार को टीम ने छः कुओं को साफ कर उनका शुद्व जल निकाला और भविष्य में उनमें किसी भी प्रकार की गंदगी समाहित न हो इसके लिए लोहे की जालियां लगवाई। कार्यकर्ताओं ने यमुना भक्तों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की गंदगी कुंओं में न डाले जिससे वह प्रदूषित हों। उन्होंने समस्त लोगों से यमुना शुद्वि संकल्प मिशन 2015 को सफल बनाने में सभी से सहयोग करने की अपील की। टीम में जेके चतुर्वेदी, हरदेवानंद जी महाराज, आनंद बाबा, हरिमोहन, राजीव शर्मा आदि मुख्य रूप से उपस्थित थे।





