मथुरा। क्षत्रिय महासभा द्वारा ओलावृष्टि व अतिवृष्टि से पीडि़त किसानों को मुआवजा दिये जाने व सभी कर्जे माफ किये जाने की माॅग को लेकर जनपद के ग्राम तरौली में किसानों द्वारा दिया जा रहा धरना आज भी जारी रहा। तरौली के निकट लगभग आधा दर्जन गाॅवों के किसानों ने धरनें में पहुंच कर धरने का समर्थन किया। इस अवसर पर छत्रपति शिवाजी की 335वीं पुण्य तिथि पर श्रद्धाजंलि सभा का आयोजन ब्रज मंडल क्षत्रिय राजपूत महासभा के तत्वाधान में किया गया।
इस अवसर पर सभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अशोक सिसौदिया ने कहा कि छत्रपति शिवाजी कुशल शासंक व महान देशभक्त थे। वह सभी धर्मो का समान रूप से आदर करते थे। इसी के चलते उनका नाम आज पूुरे सम्मान के साथ लिया जाता हैं। वह हिन्दू धर्म की मान मर्यादाओं को बनाये रखनें में आखिर दम तक जुटें रहें। इसके लिए उन्हें हमेशा याद किया जायेगा। श्री सिसौदिया ने कहा कि पिछलें एक पखवाड़े से ओलावृष्टि व अतिवृष्टि से पीडि़त किसानों की माॅगों को लेकर किसानों द्वारा धरना प्रदर्शन किया जा रहा हैं। लेकिन जनपद के आला अधिकारियों के कानों में जू तक नहीं पहुंच रही है। लगता है कि प्रशासन किसानों की ओर से पुरी तरह लापरवाह बना हुआ हैं। श्री सिसौदिया ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर प्रशासन ने शीघ्र ही आन्दोलन कारियों की आवाज को नहीं सुना तो आन्दोलन को और गति प्रदान की जायेगी। राष्ट्रीय महासचिव मोहन सिंह राजपूत, हरगोपाल सिंह, भूपाल सिंह मानसिंह, श्याम सिंह, तेजपाल सिंह, रामजीत कर्दम, हरिओम कर्दम, भूपसिंह जाटव, वेदराम सिंह, सन्तलाल आदि वक्ताओं ने कहा कि एक ओर भीषण ओलावृष्टि से किसान त्राहि त्राहि कर रहा है वहीं दूसरी ओर जनपद की सांसद ने ऐसे समय में मथुरा महोत्सव के नाम पर नाॅच गानों की मस्ती लूटी है। साथ ही जनपद का प्रशासन भी इसकी व्यवस्थाओं को अन्जाम देने में जुटा रहा। जब कि आन्दोलनकारी किसानों के लिये प्रशासन व सांसद के पास वार्तालाप तक के के लिए समय नहीं हैं। धरनें में भगवान सिंह, कन्हैया सिंह, भरतों, लाखा जाटव, राम किशन, शिव चरण, हरीश सिंह, शिव्वों आदि ने राष्ट्रीय उपाध्यक्ष का स्वागत किया तथा छत्रपति शिवाजी की पुण्य तिथि पर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किये।





