शहीद की जन्मभूमि में हुईं खेलकूद प्रतियोगिताएं
मथुर। अमर शहीद राजा देवी सिंह स्मृति समिति के तत्वाधान में शहीद की जन्म भूमि ग्राम अचरू में खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इस मौके पर वक्ताओं ने राजा देवी सिंह को 57 की क्रांति का अग्रणी योद्धा बताते हुए उनका नमन वंदन किया। कार्यक्रम का शुभारंभ राजा देवी सिंह के चित्र पर माल्यार्पण से हुआ। युवाओं को प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी कराने वाली देश की प्रमुख संस्था संकल्प के वरिष्ठ अधिकारी कन्हैया लाल ने कहा कि मनुष्य का पूर्ण विकास तभी होता है जब वह व्यक्तिगत विकास से आगे बढ़कर अपने समाज व राष्ट्र के लिए कदम बढ़ाता है। दिल्ली उच्च न्यायालय के अधिवक्ता राकेश गर्ग ने स्किल डवलप्मेन्ट कैरियर काउंसलिंग शिविर में युवाओं विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया। शहीद के वंशज योगेन्द्र पाल सिंह ने कहा कि 57 की क्रांति व स्वतंत्रता की प्रथम लड़ाई में अंग्रेजों की जन विरोधी तथा देश को लूटने की नीतियों से जन जन में सुलग रही चिंगारी को राजा साहब ने हवा दी और सहयोगियों के साथ तत्कालीन सत्ता की चूल्हें हिला दीं। इस दौरान आयोजित दौड़ में ब्यौंही के विनीत ने प्रथम, गुड़ेरा के कृष्णवीर ने द्वितीय, बाड़ौन के दलवीर ने तृतीय, लम्बीकूद में गुड़ेरा निवासी मुरारी ने प्रथम, ढंगोई निवासी वेदू ने द्वितीय, बढैरा निवासी लक्ष्मन ने तृतीय, ऊंची कूद में रजत ने प्रथम, वेदू ने द्वितीय और मुरारी ने तीसरा स्थान प्राप्त कर ईनाम जीतेे। समारोह में पुष्पराज सिंह, संपादक राजकुमार अग्रवाल, कोमल सिंह, अमरीश तोमर, विशाल त्यागी, भूपेन्द्र सिंह, महेश कुमार, गजेन्द्र सिंह, कृष्ण कुमार सारस्वत, देवदत्त सारस्वत, गुरेन्द्र सिंह, गोपाल सिंह, मान सिंह, सुरेश सिंह, गुड्डू, पवन अग्रवाल एड. पवन गोयल सहित सैकड़ों शहीद प्रेमियों ने शहीद की जय जयकार की।





