भारत मेडिकल वैल्यू ट्रैवल के लिए सबसे तेजी से बढ़ते गंतव्यों में से एक के रूप में उभर रहा है और यह विश्व स्तरीय चिकित्सा अवसंरचना, उच्च कुशल स्वास्थ्य पेशेवरों तथा किफायती उपचार को चिकित्सा की पारंपरिक प्रणालियों एवं समग्र कल्याण में देश की विशिष्ट क्षमता के साथ जोड़ता है।
जटिल शल्य चिकित्सा प्रक्रियाओं से लेकर दीर्घकालिक स्वास्थ्य उपचारों तक, भारत आज एक एकीकृत स्वास्थ्य सेवा प्रणाली प्रदान कर रहा है। यह विश्वास अंतर्राष्ट्रीय मरीजों को गुणवत्तापूर्ण और किफायती इलाज के लिए भारत की ओर तेजी से आकर्षित कर रहा है। भारत में वैश्विक स्तर पर मानकीकृत अस्पतालों में प्रसिद्ध विशेषज्ञों द्वारा किफायती उपचार प्रदान किए जाते हैं, जबकि पारंपरिक आयुष प्रणालियां देश के चिकित्सा पर्यटन आकर्षण में एक विशिष्ट निवारक और स्वास्थ्य संबंधी आयाम जोड़ती हैं।
Read in English: India rises as a ‘Global Medical Travel Destination’
आंकड़े इस बढ़ती गति को दर्शाते हैं। भारत आने वाले अंतर्राष्ट्रीय रोगियों की संख्या 2020 में 1,82,945 से बढ़कर 2024 में 6,44,387 हो गई। हाल के वर्षों में, योग, आयुर्वेद और स्वास्थ्य-आधारित चिकित्सा पद्धतियों ने इस वृद्धि में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। इससे भारत समग्र, साक्ष्य-आधारित देखभाल के लिए एक पसंदीदा गंतव्य के रूप में स्थापित हो चुका है।
भारत के राष्ट्रीय किफायती चिकित्सा यात्रा रोडमैप को आगे बढ़ाने में एक सशक्त सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। चिकित्सा अवसंरचना में 100 प्रतिशत प्रत्यक्ष विदेशी निवेश, चिकित्सा सेवा निर्यात के लिए वित्तीय प्रोत्साहन और लक्षित वैश्विक पहुंच जैसे नीतिगत हस्तक्षेपों ने वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी स्वास्थ्य सेवा इकोसिस्टम बनाने में सहायता प्रदान की है।
भारत की पारंपरिक चिकित्सा प्रणालियां—आयुर्वेद, योग, प्राकृतिक चिकित्सा, यूनानी, सिद्ध और होम्योपैथी—अंतर्राष्ट्रीय रोगियों द्वारा पुरानी बीमारियों, जीवनशैली संबंधी विकारों, पुनर्वास और स्वास्थ्य कार्यक्रमों के प्रबंधन के लिए तेजी से चुनी जा रही हैं।
क्षमता निर्माण और वैश्विक पहुंच भारत के आयुष-आधारित किफायती चिकित्सा यात्रा इकोसिस्टम को सुदृढ़ कर रहे हैं। स्वास्थ्य क्षेत्र कौशल परिषद ने कौशल विकास और रोजगार क्षमता को मजबूत करने के लिए 2018 में आयुष के लिए एक समर्पित उप-परिषद की स्थापना की और 2021 से अब तक देशभर में आयुष से संबंधित विभिन्न भूमिकाओं में 37,000 से अधिक व्यक्तियों को प्रमाणित किया गया है। इससे सेवा की गुणवत्ता में सुधार हुआ है।
नीतिगत समर्थन, वीजा सुविधा, बीमा कवरेज और गुणवत्ता मानकों के एकीकरण के साथ-साथ लागत लाभ से लेकर एकीकृत, समग्र और साक्ष्य-आधारित स्वास्थ्य सेवा में वैश्विक विश्वास तक भारत की किफायती चिकित्सा यात्रा की गाथा निरंतर रूप से आगे बढ़ रही है।






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