मथुरा। अमर नाथ शिक्षण संस्थान द्वारा संचालित ग्रोइंग सोल किड्ज गुरूकुल में मदर्स-डे का कार्यक्रम हर्षोल्लास के साथ मनाया गया । परजाजननी भगवती श्रीमां को समर्पित इस समारोह में, जीवन में ‘‘मां’’ के महत्व पर आधरित बच्चों की प्रस्तुतियों ने हर किसी को भाव-विभोर कर दिया । बच्चों की माताओं ने भी विभिन्न प्रतियोगिताओं के माध्यम से अपनी प्रतिभा को प्रदर्शित किया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि एवं अमर नाथ शिक्षण संस्थान की वरिष्ठ पुस्तकालयाध्यक्षा ने कहा कि मां केवल जननी ही नहीं है बल्कि वह जीवन को सही दिशा देने वाली सच्ची पथ-प्रदर्शक है । मां की महत्ता शब्दों में बयां नहीं की जा सकती है । उसे सिपर्फ महसूस किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि जीवन रूपी बगिया को बिना मां के सजाया-संवारा नहीं जा सकता है। उन्होंने मुन्नवर राणा की कविता के अंश ‘‘अभी जिन्दा है मां मेरी, मुझे कुछ नहीं होगा। मैं घर से जब निकलता हूँ, दुआ भी साथ चलती है।’’ को जब सुनाया तो विद्यालय का वातावरण तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। विद्यालय की निदेशिका सोनिका शर्मा द्वारा संचालित मदर-डे के कार्यक्रम में सबसे अध्कि आकर्षण के केन्द्र पाकिस्तान के एक स्कूल में आतंकी हमले में मारे गये बच्चों व हाल मंे आये भूकंप में हुई जनहानि को समर्पित कार्यक्रमों की रही । बच्चों ने भी अपनी मां को प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी बाल भावनाओं का अहसास कराया। सभी अभिभावकों ने विद्यालय में आयोजित मदर-डे के कार्यक्रम की प्रशंसा करते हुये कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रमों से बच्चों मे अच्छे संस्कार आयेंगे तथा वे बड़ों का भी सम्मान करेेंगे। कृष्णा पुरम् बिरला मंदिर पर स्थित ग्रोइंग सोल किड्ज गुरूकुल में इस अवसर पर माताओं के बीच विभिन्न प्रकार की बौद्विक प्रतियोगिताएं आयोजित हुईं, जिनमें बच्चों की माताओं ने बड़ी रूचि एवं उत्साह के साथ भाग लिया। प्रतियोगिता में ‘‘बेस्ट मदर आपॅफ द डे’’ का खिताब कार्यक्रम की मुख्य अतिथि श्रीमती मिथलेश वाजपेयी ने श्रीमती रूचि अग्रवाल को प्रदान किया। निर्णायक मण्डल में डा. रजनी सक्सेना, डा. मध्ुबाला शर्मा एवं संगीता सारस्वत थीं। कार्यक्रम की तैयारियों में ग्रोइंग सोल किड्ज गुरूकुल की शिक्षिका निशा इषरानी, स्वीटी, अल्पना, अमृता, प्रियंका, राध्किा सहित सभी शिक्षिकाओं का योगदान सराहनीय रहा।





