जब विनोबा ने छोटे से फावड़े के जरिए दिया बड़ा संदेश

जब विनोबा ने छोटे से फावड़े के जरिए दिया बड़ा संदेशआचार्य विनोबा भावे स्थायी रूप से पवनार आश्रम में रहते थे। हरिजन सेवा और ग्राम स्वच्छता कार्यक्रम के सिलसिले में वह आश्रम से करीब तीन मील दूर स्थित सुरगांव नाम के एक गांव में बहुत दिनों तक आते-जाते रहे। इस दौरान उनका फावड़ा हमेशा उनके साथ ही रहता था।

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