मथुरा। भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष डीपी गोयल ने जिला पंचायत वार्ड आरक्षण प्रक्रिया पर प्रशन चिन्ह लगाते हुए इसे सत्ताधारी दल को खुश करने का प्रशाशन का अनैतिक तरीका बताया। पूर्व मंत्री लक्ष्मीनारायण चैधरी व रविकांत गर्ग ने आरोप लगाया हैकि आरक्षण प्रक्रिया की पारदर्शिता को समाप्त करके राजनैतिक स्वार्थपूर्ति, महत्वाकांक्षी राजनेताओं और सम्बंधित अधिकारियो की अनैतिक सांठ गांठ से फर्जी आंकड़ेबाजी नियोजित कर विभिन्न वार्ड व क्षेत्रों के साथ आरक्षण के नाम परअनुचित भेदभाव किया जा रहा है। पूर्व विधायक प्रणतपाल सिंह, अजय कुमार पोइया, श्याम सिंह अहेरिया, चेतन मालिक, कारिंदा सिंह, देवेन्द्र शर्मा, तरुण सेठ ने कहा है कि जिला प्रशासन भाजपा बाहुल्य क्षेत्रो को मानकों के विपरीत आरक्षित करके सत्ताधारी पार्टी को लाभ दिलाने व भाजपा के खिलाफ अनुचित षडयंत्र रचने का कुत्सित प्रयास हो रहा है। एसके शर्मा, रविन्द्र पाण्डेय, रघुवर तोमर, रामकिशन पाठक, भानु प्रताप सिंह, डीएन गौतम, मेघश्याम सिंह, केपी सिंह, बन्टी चैधरी, ज्ञानेन्द्र राणा, प्रभात चैधरी, हीरा सिंह आदि ने जिलाधिकारी से मांग की है कि निष्पक्षता और पारदर्शी नीति को अक्षुण बनाये रखने हेतु जिला पंचायत विभाग द्वारा प्रस्तावित वार्ड आरक्षण सूची एवम आबादी के मूल्यांकन का पुनः गहन परीक्षण कराया जाये एवम सभी प्रस्तुत आंकड़ो को सार्वजनिक किया जाये।





