आज दिनांक 26 फरवरी को गोकुल में परमहंस आश्रम में बाबा कमलदास जी की अध्यक्षता में सभी संतों की बैठक हुई। जिसमें सैकड़ों संत समाज उपस्थित थे। बैठक में यमुना मुद्दे पर गंभीर रूप से चर्चा की गयी। इसी दौरान यमुना मुक्ति व शुद्धीकरण के लिये 11 मार्च की वाहन यात्रा एवं 12 मार्च की पदयात्रा का आह्वान किया गया। नागा बाबा अखण्डानन्द सरस्वती ने कहा कि यमुना किनारे के बसे गाँवों के लोगों को प्रदूषित जल के कारण कैंसर जैसी अनेको जानलेवा बीमारियां हो रही है। जिसका मुख्य कारण प्रदूषित जल का होना है, यमुना में जहरीले जल के कारण करोड़ों लोगों का जीवन खतरे में पड़ गया। हमें अपने जीवन एवं आगे के भविष्य को बचाने के लिये तथा माँ यमुना को प्रदूषण मुक्त कराने के लिये यमुना के इस आन्दोलन में बढ़ चढ़ कर भाग लेना होगा। उन्होने यमुना रक्षक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष संत जयकृष्ण दास को सभी संतो की ओर से समर्थन देते हुये कहा कि 11 मार्च की वाहन यात्रा के लिये हजारो संत भाग लेंगे। संत जयकृष्ण दास कहा कि यह अभियान व्यक्ति विशेष का न होकर पूरे समाज, प्रदेश एवं देश के यमुना के प्रति सद्भाव रखने वाले समस्त भक्तों का होना चाहिये। यमुना को प्रदूषण मुक्त कराना राष्ट्र की गंभीर एवं ज्वलंत समस्या हैै। इसका निराकरण होना ही चाहिये। रसखान जैसे मुस्लिम कृष्ण भक्त कह उठते हैं ‘‘जो खग होउं तो बसेरो करौं नित कालिन्दी कूल कदम की डारन‘‘ जो कालिन्दी हमेशा से कृष्ण भक्तों की कालिमा नष्ट करती आयी है एवं दुःख दूर करती आयी है वह कालिन्दी आज स्वयं कलियुग के कलुषित नेताओं द्वारा कालिमा को प्राप्त हो रही है। अतः हम मनुष्यों का परम कर्तव्य होना चाहिये कि कालिन्दी की कालिमा को धबलिमा में परिवर्तित करा के ही सुख शान्ति का अनुभव प्राप्त करेंगे।
वृन्दावन में ज्ञान गुदड़ी क्षेत्र में उडि़या बाबा आश्रम में हुई यमुना रक्षक दल की बैठक
वृन्दावन के ज्ञान गुदड़ी क्षेत्र में स्थित उडि़या बाबा आश्रम में यमुना रक्षक दल के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी डाॅ0 रामदत्त मिश्र के नेतृत्व में बैठक आयोजित की गयी। आश्रम के महन्त श्री सत्यदास जी महाराज ने यमुना जी की स्थिति पर चिंता व्यक्त की और कहा कि यमुना जी का निर्मल एवं अविरल होना हम सभी ब्रजवासी एवं संतो ंके लिये अत्यन्त आवश्यक है। यमुना जी के स्वस्थ हुये बिना कृष्ण भक्ति की कल्पना ही नहीं की जा सकती। लगभग 20 वर्ष पूर्व में हम लोग यमुना के जल को पीते थे किन्तु आज इतनी भयावह स्थिति है कि पीना तो दूर आचमन करने की भी इच्छा नहीं होती। पूरे विश्व में यमुना जी को बड़ी श्रद्धा और सद्भाव की दृष्टि से देखा जाता है अतः केन्द्र एवं राज्य सरकारों को अविलम्ब परिणाम भूत कदम उठाने चाहिये। स्वच्छ जल से ही स्वच्छ समाज बनेगा। वहीं गोविन्द मठ वृन्दावन में आचार्य प्रवर ए.एस विज्ञानाचार्य के समक्ष श्री ब्रह्म विद्या मन्दिर संस्कृत महाविद्यालय वृन्दावन के विद्वान प्रचार्य डाॅ0 रिपुसूदन मिश्र ने सैकड़ो छात्रों के साथ इस आन्दोलन को परिणाम दिलाने की दिशा में पूर्ण समर्थन दिया।
इस अवसर पर आश्रम से वृन्दावन दास, यमुनाचरण दास, तुलसी चरण दास, एवं रिकू चैधरी आदि लोगों ने भी दल की कमर्ठता पर पूरा समर्थन दिया।
एटा, सौंख, पाली खेरा, सिहाना सहित दर्जनों गाँवों में चला 11 मार्च संसद मार्च का अभियान
जिला प्रभार डाॅ0 राजवीर सिंह, सियाराम यादव एवं अजयपाल सि हके नेतृत्व में यमुना प्रचार रथ द्वारा आज एटा, पाली खेरा, मानानगला, उचांगाँव, सांखी, जमालपुर, नरी, कांेकेरा, बझेरा, सिहाना सहित दर्जनों गाँवों में 11 मार्च के लिये प्रचार प्रसार के साथ जनजागरण अभियान चलाया गया।
इस अवसर पर बच्चू सिंह, कृष्णपाल सिंह, वीरेन्द्र सिंह, नेत्रपाल सिंह, विजेन्द्र सिंह आदि उपस्थित थे।





