जन्तर मन्तर पर यमुना भक्तों की हुंकार से हिली दिल्ली

यमुना को मुक्त कराने के लिये ब्रज से उठी चिंगारी अब ज्वाला बन ब्रजवासियों और यमुना भक्तों के हृदय में धधक रही हैं। श्री मान मन्दिर, श्री पुष्टिमार्ग एवं भारतीय किसान यूनियन ( भानू) के संयुक्त तत्वाधान में चलाये जा रहे यमुना मुक्तिकरण अभियान द्वारा आगामी 15 मार्च को कोसीकलाँ से दिल्ली तक की जाने वाली यमुना मुक्तिकरण पदयात्रा की तैयारियाँ तेजी की जा रही है। इसके साथ ही सरकार को आन्दोलन से पहले अन्तिम सन्देश देने कि यमुनाभक्त और ब्रजवासियों की मांग पूरी की जाये अन्यथा 15 मार्च को यमुना भक्त लाखों की संख्या में कोसी से आर या पार की लड़ाई का मन बना पदयात्रा प्रारम्भ करेगें। इस सन्देश को सरकार के कानों तक पहुॅचाने के लिये यमुना मुक्तिकरण अभियान द्वारा दिल्ली जंतर- मंतर पर यमुना संकल्प सभा आयोजित की गई जिसमें यमुना भक्तों ने हुंकार भरी की अब ब्रजवासियों और यमुना के भक्तों के सब्र का बांध टूट चुका है। ब्रज से 40 बसों और 30-40 वाहनों के द्वारा यमुना भक्तों को काफिला दिल्ली के लिये रवाना हुआ।इसके साथ ही हरियाणा और दिल्ली के हजारों पुष्टिमार्गिय वैष्णव भी यमुना संकल्प सभा में भाग लेने पहुॅचे। जंतर मंतर पर एकत्रित हजारों की संख्या में ब्रजवासी, पुष्टिमार्ग और यमुना भक्तों ने यह साफ कर दिया  अब  की बार यमुना भक्त बिना यमुना जल लिये पीछे नहीं हटेगें। इस अटल संकल्प के साथ जंतर मंतर पर हुयी सभा में यमुना भक्तों ने सरकार को अपनी हुंकार सुनाई। यमुना मुक्तिकरण अभियान के राष्ट्रीय संरक्षक गोकुल के पुष्टिमार्गिय आचार्य श्री पंकज बाबा महाराज की अध्यक्षता में जंतर मंतर पर जन सभा आहूत की गई जिसमें मंच संचालन सुशील गोस्वामी एवं अभियान के तकनीकी सलाहका रवि मोंगा द्वारा किया गया। 

जय यमुना मैया, अब की बार यमुना की धार, यमुना लाओ ब्रज बचाओ आदि नारों से अभियान के कार्यकर्ताओं द्वारा दिल्ली को गुंजायमान कर दिया। 

अभियान के राष्ट्रीय संरक्षक पुष्टिमार्गिय आचार्य श्री पंकज बाबा  ने कहा कि धर्म, आस्था, और जीवन की दृष्टि से यमुना हम सभी के लिये बहुत महत्वपूर्ण है। विश्व में सवार्धिक महत्व ब्रज में है और आज वहीं यमुना का एक बूंद भी जल नहीं है। यह भक्तों की आस्था के साथ खिलवाड़ होने के साथ साथ यमुना किनारे बसने वाले करोड़ो लोगो के जीवन को भी खतरे में डालना है। माननीय प्रधानमंत्री जी को स्वयं यमुना की समस्या को संज्ञान में लेते हुये सभी वैष्णवों की मांग मानते हुये यमुना मुक्त करनी चाहिये। 

 

यमुना मुक्तिकरण अभियान के राष्ट्रीय संयोजक राधाकान्त शास्त्री एवं अभियान के युवा शाखा के राष्ट्रीय संयोजक अनुभव तैलंग ने कहा कि मथुरा की चुनावी सभा में मोदी जी ने यमुना को अविरल निर्मल बनाने का वादा कर ब्रजवासियों का हृदय जीत लिया था। परन्तु मोदी सरकार के 10 महीने बीतने के बाद भी यमुना का कोई कार्य नहीं हुआ। जिससे ब्रजवासियों और यमुना भक्तों को निराशा हुयी है। आज का दिन चेतावनी दिवस है और हम सरकार को सतर्क करना चाहते है कि यमुना भक्तों की मांग को प्राथमिकता देते हुये यमुना जी को अविरल निर्मल बनाये। वरना 15 मार्च को यमुना भक्त मर जायेगें मिट जायेगे पर पीछे नहीं नहीं हटेगें। 

यमुना मुक्तिकरण अभियान के तकनीकी सलाहकार रवि मोंगा ने बताया कि यमुना समस्या को हल करने के लिये माननीय प्रधानमंत्री जी को पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 के अन्तर्गत सिर्फ एक हस्ताक्षर करना है और यमुना की समस्या को हल किया जा सकता है फिर साधु-सन्तों, ब्रजवासियों और यमुना भक्तों को परेशान होने की कोई आवश्यकता नहीं होगी। 

अभियान के राष्ट्रीय महासचिव हरेश ठेनुआ एवं राष्ट्रीय संकृति सचिव रमेश कृष्ण महाराज ने कहा कि बीते वर्ष भी यमुना भक्तों का सैलाब ब्रज से दिल्ली की ओर आया था परन्तु उस समय की सरकार द्वारा यमुना भक्तों के साथा छलावा किया गया। उस सरकार का  जो हश्र हुआ उससे सभी ज्ञात है यदि वर्तमान सरकार भी यमुना भक्तों के साथ न्याय नही करेगी तो इस सरकार और पुरानी सरकार में फिर क्या अन्तर रहा ? इसलिये समय रहते सरकार यमुना को मुक्त कर उसको अविरल और निर्मल बनाने के लिये कदम उठाये।

भारतीय किसान यूनियन ( भानू ) के राष्ट्रीय प्रवक्ता शिवराज सिंह, दुष्यन्त सिंह, शिवनारायण परिहार ने कहा कि वर्तमान सरकार से सभी को बडी उम्मीदे थी पर जैसे जैसे सरकार के महीने बीतते जा रहे है सरकार द्वारा सभी की उम्मीदों पर पानी फेरने का कार्य किया जा रहा है। यमुना जी के जल से करोड़ो किसान उसके तटवर्ती इलाकों में सिंचाई करते है परन्तु उसी यमुना की जल धारा को मध्य में ही बाधित कर दिया गया है । सरकार से सभी को आशा थी कि वह यमुना को अविरल निर्मल बनाने के लिये कार्य करेगेी परन्तु सरकार द्वारा ऐसा कुछ भी नहीं किया गया। अब की बार 15 मार्च को भारतीय किसान यूनियन (भानू) , यमुना मुक्तिकरण अभियान एवं पुष्टिमार्ग के वैष्णव लाखों की संख्या में दिल्ली की ओर आयेगे और इस बार की लड़ाई आर पार की होने वाली है। यदि समय रहते सरकार ने यमुना जी की समस्या को हल नही किया तो किसान उग्र आन्दोलन करने पर भी मजबूर हो सकते है । 

यमुना मुक्तिकरण अभियान के दिल्ली प्रदेश के संयोजक राजीव भाटिया ने कहा कि यमुना जी का मुद्दा केवल ब्रज क्षेत्र का ही नहीे बल्कि पूरे राष्ट्र का मुद्दा है यमुना जी में आज बजीराबाद बांध से आगे सिर्फ दिल्ली के नालो का मल मूत्र बह रहा है जो आगे जाकर मथुरा - बृन्दावन में यमुना तल पर बहता है जिसको लोग आस्था और भक्ति भाव के साथ पूजते है। सरकार उन सभी भक्तों के साथ धोखा कर रही है जो आस्था के साथ उस का पान और स्नान कर अपने जीवन को खतरे में डाल रहे है। यमुना जैसी धार्मिक पवित्र नदी का सतत् प्रवाह बना रहना परम आवश्यक हैं । और इन्ही मांागो को लेकर यमुना मुक्तिकरण अभियान आन्दोलन कर रहा है । समय रहते सरकार यमुना समस्या को हल करे बरना आन्देालन अब की बार निर्णायक होगा। 

अभियान के राष्ट्रीय संगठन मंत्री कुँवर नरेन्द्र सिंह, शिव कुमार दीक्षित, संजय गौतम आदि ने भी यमुना मुक्ति को लेकर अपने विचार रखे। 

इस अवसर पर अभियान कार्यकारी मथुरा जिला अध्यक्ष पंकज चतुर्वेदी, विक्रम सिंह यादव, कन्हैया लाल, विजय, श्याम, पप्पू, महेन्द्र आादि हिन्दू सभा, बजरंग दल, गौ रक्षा मंच, आदि के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे।

संपर्क सूत्र: 

राधाकान्त शास्त्री, राष्ट्रीय संयोजक    9927338666

सुनील सिंह, राष्ट्रीय सहसंयोजक      9927194000

रवि मोंग, तकनीकी सलाहकार        9811101236 

 


Subscribe now

Login and subscribe to continue reading this story....

Already a user? Login






Mediabharti