विरक्त संत रमेश बाबा महाराज, गुरू शरणानन्द जी व संत विज्ञानाचार्य जी के सानिध्य मे यमुना सफाई कार्य 3 फरवरी से निरन्तर रूप से जारी है। बुधवार को 2 जेसीबी व 6 टेक्टर द्वारा सफाई कार्य को तेजी दी गई। 9 अप्रैल को श्री ग्रुप एवं अनूप मामा जी द्वारा जेसीबी व टेक्टर चलवाये गये।
अबैध कब्जे से दबा चक्रतीर्थ घाट अब यमुना रक्षक दल करायेगा जीर्णोद्धार

मथुरा परिक्रमा मार्ग स्थित चक्रतीर्थ घाट उपेक्षा की धूल से लगभग ढक सा चुका है। एक समय यमुना की धारा इस घाट को पावन किया करती थी परन्तु यमुना की चाल में फेर आते ही चक्रतीर्थ घाट के भी दिन फिरने प्रारम्भ हो गये। दशकों पहले यमुना के इस घाट से दूर जाते ही अनदेखी के कारण भूमाफियाओं के अबैध कब्जे का शिकार बन यह घाट मिट्टी में दबने लगा और इस घाट की सीढियां तथा बुर्जियां जमींदोष हो गई। इस घाट का वर्णन भागवत व पुराणों में विस्तृत रूप से मिलता है। इस घाट से जुड़ी पौराणिक कथा के अनुसार जब दुर्वाशा ऋषि ने भगवान विष्णु के परम भक्त अम्बरीश जी महाराज पर क्रोधित हो कृत्या को भेजा तो स्वयं विष्णु के चक्र द्वारा अम्बरीश की रक्षा कर उसके द्वारा दुर्वाषा ऋषि का पीछा किया जाने लगा उस पर जब अन्त में दुर्वाषा जी विष्णु जी के पास पहुॅचे तब उन्होने उनको अम्बरीष जी के पास इसी चक्रतीर्थ घाट पर भेजा और यहां आकर वह चक्र शान्त हो गया इसी कारण यह घाट चक्रतीर्थ घाट कहलाने लगा। वर्तमान में इस घाट का ज्यादातर हिस्सा मिट्टी में दब चुका है और साथ ही इस घाट के उपर से नगर पालिका द्वारा मथुरा परिक्रमा की सड़क बना दी गई है। यमुना रक्षक दल के द्वारा बुधवार को चक्रतीर्थ घाट पर बैठक कर घाट के जीर्णोद्धार व उसके सामने सरोवर बना घाट पर स्वच्छ जल लाने के विकल्पों पर विचार किया गया।
यमुना रक्षक दल के राष्टिय अध्यक्ष संत जयकृष्ण दास ने कहा कि चक्रतीर्थ घाट की सफाई कर उस पर स्वच्छ जल लाया जायेगा। घाट के सामने सुन्दर विशाल सरोवर का निर्माण किया जायेगा जिसमें भक्त एवं दर्शनार्थी नौका विहार का भी आनन्द उठा सकेगें। चक्रतीर्थ घाट के समीप जो नाले यमुना में सीधे जा रहे है उन नालोे को नगर पालिका की मदद से सीधे मसानी नाले की ओर डायवर्ट कर दिया जायेगा और गउघाट व चक्रतीर्थ घाट पर बन्द पडे़ शौचालयों को चालू करवाया जायेगा ताकि यमुना का किनारा स्वच्छ रह सके। संत ने यह भी बताया कि 15 दिन के बाद चक्रतीर्थ घाट की सफाई कार्य आरम्भ करा दिया जायेगा।
यमुना रक्षक दल के राष्टिय उपाध्यक्ष राकेश यादव ने कहा कि ये सभी घाट उपेक्षा के शिकार रहे है। यमुना रक्षक दल के यमुना सफाई अभियान के चलते लोगो में जाग्रति आयी है और यमुना भक्त आगे बढकर सहयोग कर रहे है जिससे इस अभियान को गति मिल रही है।
वृन्दावन से आयी साध्वी गीता जी ने कहा यमुना हमारी मां है वह सदैव हम सभी के लिये पूज्यनिय है। घाटों से यमुना की शोभा और अधिक बढ जाती है इसलिये घाटों की रक्षा व उनकी देखभाल भी परम आवश्यक है।
ठस अवसर पर त्रिलोकी व्यास, राजू पेन्टर, सत्यप्रकाश शर्मा, पवन अग्रवाल कटाई वाले, डा. सुनील अग्रवाल, ठा. हरिसिंह, भगवती चैधरी, श्याम ठाकुर, विवेक शर्मा, सुभाष चैहान, पवन ठाकुर, लछ्छो राजपूत, सुरेश हलवाई, मुरारी तौमर, शेरसिंह तौमर, जीतू ठाकुर आदि उपस्थित थे।





