
मानसी गंगा में बंगाली घाट के समीप मृत पड़ी मछलियां
गोवर्धन। मुडिय़ा मेला के बाद मानसी गंगा में जलचरों पर संकट आ गया है। अचानक हजारों की संख्या में मछलियां तड़प तड़प कर दम तोड़ रही हैं। मछलियों के मरने से बदबू फैलने लगी है। फिर भी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का इस ओर ध्यान नही है।
मुडिय़ा मेला में मानसी गंगा को बेरिकेट कर फुब्बारों से स्नान कराने की व्यवस्था की गई थी। मानसी गंगा में जनरेटर भी लगाये गये। मेला के बाद सोमवार को मानसी गंगा में मछलियां तड़प तड़प कर दम तोडऩे लगी। बंगाली घाट, साक्षी गोपाल, महल घाट, चक्लेश्वर आदि घाटों पर मछलियां तैरने लगी हैं। इससे पानी गंदा व बदबूदार हो गया है। लेकिन प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का इस ओर ध्यान नही है। अब देखना यह है कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा पानी में सैम्पलिंग कराकर पानी में मर रही मछलियों के मरने का कारण पता लगा पायेगा कि नही। मानसी गंगा में अभी तक सफाई कार्य भी शुरू नहीं किया गया है। मेला के बाद प्रशासन का ध्यान नहीं है।





