जी. एल. बजाज में आई.आई.टी. ने सौंप दी साइबर सिक्योरिटी’ के कवच की चाबी

आई आई टी बाम्बे द्वारा आयोजित दस दिवसीय वर्कशाप ’साइबर सुरक्षा’ का शानदार समापन 

मथुरा! जनपद मंे इंजीनियरिंग, मैनेजमेन्ट एवं आर्किटैक्चर के क्षेत्रा में अपनी मजबूत एवं अभिनव शिक्षा पद्वति से राष्ट्रीय स्तर पर एक अलग पहचान स्थापित कर चुके संस्थान जी. एल. बजाज ग्रुप आपॅफ इंस्टीट्यूशन्स में विगत 10 जुलाई 2014 से जारी दस दिवसीय ’साइबर सिक्योरिटी’ वर्कशाॅप का गतदिवस विध्वित समापन हो गया। जिसमें इंजीनियरिंग संस्थानों की पफैकल्टी ने दस दिनों तक आई.आई.टी. बौम्बे द्वारा सिखाये गये साइबर सिक्योरिटी के सुरक्षा दायरों को और अध्कि अभेद्य बनाने के बारे में सीखा। अब इन्हीं नायाब गुरों को इंजीनियरिंग पफैकल्टी अपने बी.टैक छात्रों के साथ साझा करेंगे।  गौरतलब है कि साइबर सिक्योरिटी के ऊपर आयोजित हो रही इस वर्कशाॅप में मुख्यतः कम्प्यूटर साइंस एंण्ड इंजीनियरिंग के प्राध्यापकों को साइबर सिक्योरिटी के कवच को और अध्कि पुख्ता एवं अभेद्य बनाने की दिशा में  शोध् एवं खोज करने के लिए आई.आई.टी. बाम्बे के प्रोपेफेसरों द्वारा मार्गदर्शन दिया गया। इसके अलावा इस वर्कशाॅप के माध्यम से सिक्योरिटी में होने वाली चूकों के क्षेत्रा में जटिलतम प्रक्रियाओं को सुलझाने के लिये भी सरलतम विधियों को सिखया गया एवं इस क्षेत्रा में आगे छिपी हुई सम्भावनाओं की खोज के लिए सजीव प्रशिक्षण भी दिया गया। उल्लेखनीय है कि पफैकल्टी में कापफी समय से बहुप्रतीक्षित इस वर्कशाप के लिए आई आई टी ने एक्सपर्ट के रूप में अपने डिपार्टमेन्ट आपफ कम्प्यूटर साइंस एण्ड इंजीनियरिंग से प्रो0 वरनार्ड एल मेनेजिस एवं प्रो0 जी शिवा कुमार को नियुक्त किया गया था। इन दोनों शिक्षकों ने कम्प्यूटर इंजीनियरिंग के साथ-साथ इंजीनियरिंग की अन्य शाखाओं की आध्ुनिकतम जानकारियों को अपने में समेटे हुए सर्वप्रथम साइबर सिक्योरिटी’ के विभिन्न पहलुओं एवं ’साइबर सिक्योरिटी’ के बारे में विस्तृत रूप में परिचय देने के अलावा आगे रिसर्च की सम्भावनाओं पर गहनतम् रूप से क्रियात्मक प्रकाश डाला। इस अवसर पर ’साइबर सिक्योरिटी’ वर्कशाप की बाबत् जानकारी देते हुए संस्थान की निदेशक डाॅ0 मीनू गुप्ता ने बताया कि इस वर्कशाप से निश्चिित रूप से हमारी पफैकल्टी को एक नई दिशा मिली है। वैसे भी आज के समय में ’साइबर सिक्योरिटी’ की महत्ता एवं उपयोगिता सर्वविदित है। वर्तमान में साइबर सिक्योरिटी’ का उपयोग सभी प्रचलित विषयों में बहुतायात से होता है। डाॅ0 गुप्ता ने इस वर्कशाप में पढाये जाने वाले विषयों के बारे में जानकारी देते हुये आगे बताया कि इस वर्कशाप में आई आई टी के विद्वान प्रोपेफेसर साइबर सिक्योरिटी के अगली पीढ़ी के विषयों जैसे कि सिक्ररेट की क्रिप्टोग्रापफी, पब्लिक की क्रिप्टोग्रापफी, एप्लीकेशन आपॅफ द क्रिप्टो हैश, नेटवर्क सिक्योरिटी, डाॅस अटैक्स, आथेन्टीकेशन प्रोटोकाॅल्स, ट्रान्सपोर्ट लेयर सिक्योरिटी, एक्सिस कन्ट्रोल एण्ड पफायर वाल्स, वायरस, वार्म्स, मलवेयर प्रोटेक्शन, वेब एप्लीकेशन सिक्योरिटी, ब्राउजर सिक्योरिटी, इन्ट्रजन डिटेक्शन एण्ड प्रिवेन्शन, सिक्योरिटी टूल्स आदि ’साइबर सिक्योरिटी’ जैसे वर्तमान युग के महत्वपूर्ण विषयोें के ज्ञान को और अध्कि विश्लेषणात्मक रूप से पफैकल्टी के साथ साझा करेंगे एवं उनको खोजपरक जानकारी दी गई । डा0 गुप्ता ने आगे कहा कि ऐसे प्रोग्रामों से निश्चित रूप से संस्थान की समस्त पफैकल्टी की तकनीकी श्रेष्ठता, पारंगतता एवं उत्कृष्टता सर्वोच्च पायदान पर स्थापित होती है।


Subscribe now

Login and subscribe to continue reading this story....

Already a user? Login



Related Items

  1. सबकी चेहती अक्षरा जल्द देंगी GOOD NEWS




Mediabharti