
सरस्वती कुण्ड पर भव्यता से मनाया मां सरस्वती का जन्मोत्सव
मथुरा। बसंत पंचमी पर्व को लेकर भारी भीड़ के बीच हजारों महिला पुरुष बच्चों ने यमुनापार स्थित दुर्वासा ऋषि के मंदिर पर पहुंचकर दर्शन किये तथा पीले मिष्ठान का भोग लगाया गया। बसंत पंचमी के पर्व को लेकर दुर्वासा ऋषि मंदिर पर सुबह शाम तक मेला लगा रहा। लोग नावों से पल्लीपार जाकर दर्शन करते देखे गये। इस मौके पर भीड़ को देखकर मंदिर के नजदीक खाने-पीने की वस्तुओं का बाजार भी लगा। बसंत पंचमी पर्व को लेकर गली मौहल्लों बाजारों में चैराहे तिराहों पर होली का डांडा गाढ़ा गया। ज्ञात हो कि बसंत के दिन होली का डांडा गढ़ जाता है। इसी उपलक्ष्य में माता सरस्वती पर अबीर गुलाल से भी पूजा की गई। बसंत पंचमी के पर्व को लेकर ब्रजवासियों द्वारा आज अपने घरों में साफ सफाई करके माता सरस्वती का आव्हान करके उनके चित्र पर, मूर्ति आदि की विधि विधान से परिवारीजनों ने पीले फूल पीला भोग तिल के लड्डू, रेवड़ी गजक आदि का भोग माता सरस्वती को अर्पण किया तथा पीले परिधानों में माता को संवारा गया। वृंदावन, गोवाधर््न, गोकुल, महावन, नंदगांव, बरसाना में भी माता सरस्वती की पूजा का पर्व भव्यता से मनाया गया। बसंत पंचमी के महापर्व को लेकर मथुरा में सिद्व प्रसिद्व मसानी स्थित सरस्वती कुण्ड स्थित सरस्वती मंदिर में आज मां सरस्वती का जन्मोत्सव पूजा सेवा करके भव्यता से मनाया गया। इस अवसर पर शहर के हजारों नर नारियों बच्चों ने इस मंदिर पर जाकर पूजा सेवा दर्शन भोग आदि अरोगे। वहीं मंदिर के सेवायत महंत कृष्ण कुमार शर्मा टुनटुन द्वारा विगत वर्षो से चली आ रही भंडारा प्रसाद सेवा को भी भव्यता से कराया गया। मंदिर को सजाया गया तथा पीले वस्त्र पीले फूल तथा रेवड़ी गजक का भोग लगाया गया।





