मथुरा

मथुरा। जनपद में अपराध तेजी से बढ़ रहे है। बल्देव क्षेत्र में तो मानो अपराधियों ने ढे़रा जमा लिया है। आये दिन लूट, बलात्कार, हत्या की घटनाओं से पुलिस चैकसी की पोल खुलती जा रही है। अपराधी बेखौफ हैं और पुलिस का नियंत्रण कतई नहीं है। अभी दो रोज पूर्व 6 वर्षीय बालिका के साथ बलात्कार और हत्या की घटना का आरोपी पकड़ में भी नहीं आया कि आज फिर बल्देव क्षेत्र में दो युवकों की लाश मिलने से सनसनी है। उनका कोई पता नहीं चल पाया है। प्र्रत्यक्षदर्शी बताते है कि हत्या करने के बाद शव फैंके गये है। बल्देव से सटे राया क्षेत्र में बीती रात कच्छा बनियानधारी गिरोह द्वारा दो स्थानों पर डांका डालकर एक किशोरी की हत्या और आधा दर्जन से अधिक लोगों को घायल करके पुजारी को बंधक बनाने और लाखों के जेवरात नगदी लूट ले जाने से क्षेत्र में भय है। कच्छा बनियान धारी गिरोह के सक्रिय होने और थाने के नजदीक वारदात को अंजाम देने की घटना ने पुलिस को चुनौती दे डाली है। बल्देव और राया क्षेत्र अपराधियों के गढ बनते जा रहे है। आये दिन लूट, डकैती, हत्या, बलात्कार की घटनाओं से कानून व्यवस्था की पोल खुल गई है। ग्रामीण कहते सुने गये कि पुलिस के थानेदार थानों में रात को आराम करते है जिसके परिणाम स्वरूप रात्रि में बदमाश कहर बरसाते है। दोनों क्षेत्र लुटेरों के गढ है। 

Read More

मथुरा। कोसीकलां क्षेत्र के लालाराम मार्ग स्थित मुश्लिम वस्ती में एक भेंस मर जाने को लेकर दो पक्षों में हुए आपसी विवाद को लेकर दोनो पक्षों में लाठी डन्डो के बाद जमकर पथराव हुआ था जिसमें  पुलिस ने घायल एक पक्ष को युवकों को चिकित्सकीय परीक्षण के लिए भेज दिया था और घायल पक्ष की नामजद रिर्पोट पर कार्यवाही करते हुए तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया पकडे गये लोगों ने अपने नाम असलम, फारूख पुत्रगण सलीम एंव सलीम पुत्र बाबू बताये है।  

Read More

मथुरा। कोसीकलां क्षेत्र के लालाराम मार्ग स्थित मुश्लिम वस्ती में एक भेंस मर जाने को लेकर दो पक्षों में हुए आपसी विवाद को लेकर दोनो पक्षों में लाठी डन्डो के बाद जमकर पथराव हुआ था जिसमें  पुलिस ने घायल एक पक्ष को युवकों को चिकित्सकीय परीक्षण के लिए भेज दिया था और घायल पक्ष की नामजद रिर्पोट पर कार्यवाही करते हुए तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया पकडे गये लोगों ने अपने नाम असलम, फारूख पुत्रगण सलीम एंव सलीम पुत्र बाबू बताये है।  

Read More

बॉलीवुड के ‘बादशाह’ शाहरुख खान की पत्नी गौरी खान ने व्यवसायी और डिजाइनर के रूप में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उनका कहना है कि चीजों के बारे में उत्सुकता से उन्हें प्रेरणा मिलती है और इसकी मदद से अपने डिजाइन के माध्यम से वह अपनी दृष्टि बयां करती हैं। गौरी ने बताया, ‘‘मैं डिजाइनिंग को लेकर बेहद समर्पित हूं। मुझे खाली कमरे में घूमना और अलग-अलग जगहों पर यात्रा करना पसंद है, जिससे मैं डिजाइन को लेकर प्रेरित होती हूं।’’ वह यहां मर्सिडीज बेंज लक्स ड्राइव के कार्यक्रम का हिस्सा बनने के लिए आई थीं। गौरी खान ने खुद को इंटीरियर डिजाइनर के साथ-साथ एक फैशन डिजाइनर के रूप में भी स्थापित किया है। उन्होंने कार्यक्रम में अपना संग्रह ‘गौरी खान डिजाइन’ का प्रदर्शन किया।  साभार-khaskhabar.com  

Read More

मुंबई । देश के शेयर बाजार के शुरुआती कारोबार में सोमवार को हल्की गिरावट का रुख है। भारतीय बाजारों में यह गिरावट एशियाई बाजार की कमजोर चाल का असर बताया जा रहा है। बीएसई का बेंचमार्क इंडेक्स 48 अंक गिरकर 27,734 और निफ्टी 9 अंक गिरकर 8,563 पर कारोबार कर रहा है। बम्बई स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स सुबह 45.01 अंकों की मजबूती के साथ 27,827.26 पर, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 11.2 अंकों की मामूली बढ़त के साथ 8,583.75 पर खुला।  साभार-khaskhabar.com  

Read More

नई दिल्ली । आज 29 अगस्त को पूरे देश में खेल दिवस मनाया जा रहा है। यह आयोजन ‘हॉकी के जादूगर’ मेजर ध्यानचंद को समर्पित है, जिनका जन्म 29 अगस्त 1905 को इलाहाबाद में हुआ था। ध्यानचंद को विश्व हॉकी के क्षेत्र में सबसे बेहतरीन खिलाडियों में शुमार किया जाता है। ध्यानचंद अपनी स्टिक से गेंद पर गजब का नियंत्रण करते थे। वे विपक्षी टीम के डिफेंस में सेंध लगाकर दे दनादन गोल की बरसात करने में माहिर थे।    वे 1928 के एम्सटर्डम ओलंपिक, 1932 के लॉस एंजेल्स ओलंपिक और 1936 के बर्लिन ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय हॉकी टीम के अहम सदस्य रहे। खेल दिवस के मौके पर खेल के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वालों राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति राजीव गांधी खेल रत्न, अर्जुन और द्रोणाचार्य सहित अन्य पुरस्कारों से नवाजते हैं। अब हम आपको बताते हैं ध्यानचंद के जीवन से जुड़ी कुछ प्रमुख बातें। ध्यानचंद शुरू से हॉकी के मास्टर नहीं थे, बल्कि वे कड़ी मेहनत से इस खेल के धुरंधर बने। पढ़ाई के बाद ध्यानचंद 16 वर्ष की आयु में वर्ष 1922 में दिल्ली में प्रथम ब्राह्मण रेजीमेंट में सेना में एक साधारण सिपाही के तौर से भर्ती हो गए। ध्यानचंद को हॉकी खेलने के लिए प्रेरित करने का श्रेय रेजीमेंट के एक सूबेदार मेजर तिवारी को जाता है।    वर्ष 1937 में जब वे भारतीय हॉकी दल के कप्तान थे तो उन्हें सूबेदार बना दिया गया। जब दूसरा विश्व युद्ध शुरू हुआ तो 1943 में ध्यानचंद लेफ्टिनेंट नियुक्त हुए और भारत के आजाद होने पर 1948 में उन्हें कप्तान बना दिया गया। हॉकी के कारण ही सेना में ध्यानचंद का प्रमोशन होता गया। वर्ष 1938 में उन्हें वायसराय का कमीशन मिला और वे सूबेदार बन गए। बाद में उन्हें मेजर बना दिया गया। भारतीय हॉकी टीम ने पहली बार वर्ष 1928 के एम्सटर्डम ओलंपिक में हिस्सा लिया था। ध्यानचंद ने फाइनल में हॉलैंड के खिलाफ दो गोल दागे। वर्ष 1932 में लॉस एंजेल्स ओलंपिक में भी ध्याचंद का जादू चला। तब एक अमेरिकी समाचार पत्र ने लिखा था कि भारतीय हॉकी टीम तो पूर्व से आया तूफान थी। उसने अपने वेग से अमेरिकी टीम के 11 खिलाड़ियों को कुचल दिया।    वर्ष 1936 के बर्लिन ओलंपिक में ध्यानचंद को कप्तानी मिली। वर्ष 1948 में 43 वर्ष की उम्र में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय हॉकी से संन्यास ले लिया। भारत सरकार ने ध्यानचंद को 1956 में पदम भूषण से अलंकृत किया। ध्यानचंद ने अपने पूरे करिअर में 1000 से ज्यादा गोल किए। ध्यानचंद ने 3 दिसंबर 1979 को दुनिया को अलविदा कह दिया।         साभार-khaskhabar.com  

Read More

नई दिल्ली । बुलंदशहर में नेशनल हाइवे पर एक महीने पहले हुए मां-बेटी से गैंगरेप का केस सुनवाई के लिए सोमवार के सुप्रीम कोर्ट के समक्ष पहुंचा। सुप्रीम कोर्ट ने सबसे पहले सपा नेता और यूपी में अखिलेश सरकार में मंत्री आजन खान के बयान पर तल्ख टिप्पणी की। कोर्ट ने आजम को फटकार लगाते हुए कहा कि इस तरह कहना कि बलात्कार के पीछे राजनीतिक साजिश है, यह अभिव्यक्ति की आजादी या संविधान के सिद्धांतों का पतन है। आजम खान ने बुलंदशहर में हुई गैंगरेप की घटना को राजनीतिक साजिश करार दिया था। उन्होंने कहा था, हम लोगों को इसकी जांच करने की जरूरत है कि कहीं सरकार को बदनाम करने के लिए यह विपक्ष की साजिश तो नहीं है। वोट के लिए लोग किसी भी स्तर पर जा सकते हैं। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि आजम खान जैसे राजनीतिक नेताओं के इस तरह के बयान से घटना की जांच और पूरे सिस्टम से लोगों को विश्वास उठता है।  इस पर सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार और आजम खान को नोटिस जारी कर 3 हफ्ते में जवाब मांगा है। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में फली एस नरीमन को कोर्ट का सलाहकार नियुक्त किया है और नोटिस जारी कर 4 सवालों के जवाब उत्तर प्रदेश सरकार से पूछे हैं।1. क्या कोई संवैधानिक पद पर बैठा शख्स इस तरह का बयान दे सकता है जिससे उसका कोई सरोकार नहीं है और जिससे पीडि़ता का व्यवस्था पर भरोसा कम हो और उसके मन में जांच को लेकर शंका पैदा हो। 2. क्या ‘राज्य’, जो जनता का संरक्षक होता है इस तरह के बयान देने की इजाजत दे सकता है जिससे कि निष्पक्ष जांच को लेकर संशय पैदा हो? 3. क्या इस तरह का बयान अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के अंदर आता है? 4. क्या इस तरह का बयान जो अपने बचाव में न हो, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के दायरे में आता है? गैंगरेप के शिकार नाबालिग ने सर्वोच्च अदालत से अपील की थी कि केस की जांच और सुनवाई को दिल्ली स्थानांतरित कर दिया जाए। पीडि़ता ने यह भी मांग की थी कि जांच अदालत की निगरानी में कराई जाए। पीडि़ता ने अपना दाखिला दिल्ली के स्कूल में कराने और सुरक्षा दिए जाने की भी अपील की है। इसके अलावा उसने अपने परिवार का पनर्वास कराए जाने की भी बात कोर्ट के सामने रखी है। पीडि़ता ने अदालत से आजम खान और दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की भी मांग रखी थी। बता दें कि आजम खान के बयान के कारण ना केवल उन्हें विपक्ष की आलोचना का शिकार होना पड़ा, बल्कि अखिलेश सरकार को भी काफी किरकिरी हुई। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी उनके बयान का समर्थन नहीं किया था। गौरतलब है कि बुलंदशहर में 30 जुलाई को कोतवाली थाना क्षेत्र के पास हाइवे संख्या 91 पर बदमाशों ने नोएडा से शाहजहांपुर जा रहे एक परिवार की कार को रुकवाया और पुरुष सदस्यों के सामने महिला और उनकी नाबालिग बेटी के साथ गैंगरेप किया। इस मामले में शामिल सात आरोपियों में से छह को पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है। पीडि़त परिवार ने गिरफ्तार आरोपियों की पहचान भी कर ली है।          साभार-khaskhabar.com  

Read More

नई दिल्ली । रियो ओलंपिक की सिल्वर मेडलिस्ट पीवी सिंधू और महिला कुश्ती में पहली बार ब्रॉन्ज मेडल जीतने वाली साक्षी मलिक, जिम्नास्ट दीपा कर्माकर और शूटर जीतू राय को राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार ने नवाजा गया है।   राजीव गांधी खेल रत्न-- रियो ओलंपिक में दमदार प्रदर्शन करने वाली देश की तीन महिला खिलाडिय़ों को देश के सबसे बड़े खेल सम्मान राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इसके अलावा शूटर जीतू राय और रियो ओलंपिक में पहली बार हिस्सा लेने वाली भारतीय जिम्नास्ट दीपा कर्माकर को भी खेल रत्न पुरस्कार दिया गया। पीवी सिंधू रियो ओलंपिक में सिल्वर मेडल लेने वाली पहली भारतीय महिला बैडमिंटन खिलाड़ी बनीं। तो भारतीय महिला पहलवान साक्षी मलिक ने भी रियो ओलंपिक में पहली बार ब्रॉन्ज मेडल जीतकर इतिहास रचा। इसके अलावा दीपा कर्माकर रियो में कोई मेडल तो नहीं जीत सकीं। लेकिन अपने प्रोडूनोवा वॉल्ट के जरिए वो फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला जिम्नास्ट बनीं। दीपा मजह कुछ ही अंको से ब्रॉन्ज मेडल जीतने से चूंक गई थी।  अर्जुन अवॉर्ड-- क्रिकेटर अजिंक्या रहाणे, रियो ओलंपिक के फाइनल में पहुंचने वाली लॉन्ग डिस्टेंस रनर ललिता बाबर, पुरुष हॉकी खिलाड़ी वीआर रघुनाथ और महिला हॉकी खिलाड़ी रानी रामपाल के अलावा मुक्केबाज शिवा थापा को अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।              साभार-khaskhabar.com  

Read More

बृज प्रेस क्लब के प्रतिनिधिमंडल द्वारा विधानसभा अध्यक्ष को सौंपा ज्ञापन उपजा का शपथ ग्रहण समारोह सम्पन्न मुख्यमंत्री अखिलेश सपा सुप्रीमों के नक्शे कदम पर: शिवपाल सिंह यादव मथुरा। बृज प्रेस क्लब के प्रतिनिधिमंडल द्वारा लखनऊ में विधानसभा अध्यक्ष माताप्रसाद पाण्डेय से शिष्टाचार मुलाकात की और एक ज्ञापन देकर प्रदेश में पत्रकारों पर हो रहे उत्पीड़नात्मक कार्यवाही रोकने की मांग की। विधानसभा अध्यक्ष श्री पाण्डेय ने भरोसा दिया कि किसी भी जिले में पत्रकारों का उत्पीड़न सहन नहीं होगा और पत्रकारों द्वारा ज्ञापन में दी गई मांगों पर सरकार से समाधान कराया जायेगा।  प्रतिनिधिमंडल में ब्रज प्रेस क्लब के अध्यक्ष कमलकांत उपमन्यु, मोहनश्याम शर्मा, परवेज अहमद, सुरेश सैनी, संजय शर्मा, विनीत गुप्ता आदि प्रमुख थे। ज्ञापन में जिलों में मान्यता समिति गठित करने, तहसील व नगर क्षेत्रों में पत्रकारों के मान्यता कार्ड जारी करने एवं सरकार की सुविधाएं दिलाने की मांग की थी। साथ ही हर जिले में अपराधी, माफिया के अलावा पुलिस और प्रषासनिक स्तर पर प्रिंट एवं इलैक्ट्रॉनिक मीडिया के पत्रकारों पर आये दिन हो रही उत्पीड़नात्मक कार्यवाही रोकने की मांग भी की गई थी।  लखनऊ में उपजा का शपथ ग्रहण समारोह सम्पन्न हुआ, जिसमें उपजा के प्रदेश पदाधिकारियों और कार्यकारिणी सदस्यों ने अपने पद व गोपनीयता की शपथ ली। इस अवसर पर कार्यक्रम में पधारे मुख्य अतिथि प्रदेश काबीना मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि प्रदेश की वर्तमान सरकार अपने नेता मुलायम सिंह यादव के विचारों को लेकर आगे बढ रही है। सपा नेता मुलायम सिंह यादव ने कभी किसी पत्रकार को निराश नही किया। पत्रकारों की समस्याओं का निदान करने के लिये मुुख्यमंत्री अखिलेश यादव की दृष्टि भी अपने मुखिया मुलायम सिंह की तरह है। पत्रकारों के प्रति सरकार का दृष्टिकोण मुलायम सिंह से विरासत में मिला है यह सरकार विरासत को सहेजने का काम करेगी, अतः पत्रकारों के आवास की समस्या का हल निकाला जाएगा, पत्रकारों की सुरक्षा हेतु कानून बनाने तथा वरिष्ठ पत्रकारों को पेंशन देने के लिए सरकार कदम उठायगी।  श्री यादव ने स्थानीय उद्यान निदेशालय सभागार में यू0पी0जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन (उपजा) की नव-निर्वाचित  प्रान्तीय कार्यकारिणी के शपथ ग्रहण समारोह के दौरान मुुुख्य अतिथि के तौर पर व्यक्त किये। मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी के सम्बन्ध मीडिया से बहुत ही मधुर हैं,ऐसे सम्बन्ध अन्य किसी राजनीतिक दल के मीडिया से नही हैं। उन्होने कहा कि पत्रकार समाज निर्माण केेेे काम में व्यस्त रहता है,पत्रकार किसी सम्पन्न परिवार से भी नही आता, अतः उसकी समस्याओं का निदान करनेेे में समाजवादी पार्टी की सरकार हरसम्मव प्रयास करेगी। मुुख्यमंत्री के प्रमुख सलाहकार आलोक रंजन ने सरकार की नीतियो को जनता तक पहुचाने के लिए मीडिया के योगदान की सराहना की तथा कहा कि वे पत्रकारों की समस्याओं से मुख्यमंत्री को अवगत करायेगे तथा समस्याओं का हल निकाला जाएगा। विशिष्ट अतिथि गाम्य विकास मंत्री अरविन्द सिंह गोप ने कहा कि पत्रकार समाज की सच्ची तस्बीर को पेश करते हैं तभी सरकार अपने कार्यो में सुुुधार कर नई योजनांए बनाती है। लोकतन्त्र की मजबूती के लिए पत्रकारों की भूमिका पर चर्चा की उन्होने कहा कि पत्रकारों की सभी समस्याओं का सरकार प्राथमिकता के तौर पर समाधान करेगी। वहीं परिवार कल्याण राज्यमंत्री स्वतन्त्र प्रभार रविदास मेहरोेत्रा ने आपातकाल की चर्चा की और लोकतन्त्र बहाली के लिए पत्रकारों की भूमिका की प्रशंसा की। उन्होने कहा कि पत्रकारों सेेेे ही लोकतन्त्र जिंदा है। रविदास मेहरोेेत्रा ने पत्रकार सुरक्षा कानून बनाने ,वरिष्ठ पत्रकारों को पेंशन देने व पत्रकारों को सरकारी आवास की समस्याओं के निदान की वकालत की और कहा कि इसके लिए सरकार पहल करेगी।  यू0पी0 जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन (उपजा) की नव-निर्वाचित प्रान्तीय कार्यकारिणी के अध्यक्ष दीपक अग्निहोत्री, महासचिव रमेश चन्द जैैैैन व कोषाध्यक्ष अनिल अग्रवाल सहित उपाध्यक्ष कमलकांत उपमन्यु एडवोकेट आदि सभी पदाधिकारियों तथा 17 कार्यकारिणी सदस्यों को मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने शपथ दिलाई। समारोह में एन0यू0जे0(इण्डिया) के राष्ट्रीय महासचिव रतन दीक्षित, उप्र राज्यस्तरीय मान्यता समिति के अध्यक्ष हेमंत तिवारी, उपजा मार्गदर्शक मंडल के वीर विक्रम बहादुर मिश्र, वीरेन्द्र सक्सेेेेेना, प्रमोद गोस्वामी तथा अजय कुमार, अशोक अग्निहोत्री, पवन सक्सैना, अशोक नवरत्न, विवेक जैन, दीपक, मोहनश्याम शर्मा, परवेज अहमद, सुरेश सैनी, संजय शर्मा, विनीत गुप्ता सहित प्रदेश के जिलों से आये सैकडो पत्रकार गण मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन डॉ0 अनीता सहगल वसुन्धरा  ने किया। 

Read More

राकेश ओमप्रकाश मेहरा की फिल्म ‘मिर्जिया’ से बॉलीवुड में कदम रख रहीं अभिनेत्री सैयामी खेर का कहना है कि वह मशहूर अभिनेता अमिताभ बच्चन के साथ फिल्मी पर्दा साझा करना पसंद करेंगी। सैयामी ने लैक्मे फैशन वीक विंटर कलेक्शन के दौरान बताया, ‘‘मैं अमिताभ बच्चन की बड़ी प्रशंसक हूं और एक दिन उनके साथ काम करना चाहूंगी।’ वह इम्तियाज अली, जोया अख्तर, और आनंद एल. राय और कुछ निर्देशकों के साथ काम करना चाहती हैं। सैयामी जल्द ही अनिल कपूर के बेटे हर्षवद्र्धन कपूर के साथ पर्दे पर नजर आने वाली हैं। उनका कहना है, ‘‘अनिल कपूर के बेटे होते हुए भी हर्षवद्र्धन पूरी तरह गैर-फिल्मी हैं। वह बहुत मेहनती हैं। मैंने उन्हें इस शो में आमंत्रित किया है, लेकिन वह दूसरी फिल्म की शूटिंग कर रहे हैं। सेट पर हमारी अच्छी दोस्ती हो गई और उनके साथ काम करने में मजा आया।’’ सैयामी डिजाइनर पायल सिंघल के लिए गुलाबी चोली और लहंगा पहनकर रैंप पर चलीं।      साभार-khaskhabar.com  

Read More