धर्मेंद्र कुमार

दैनिक जागरण, अमर उजाला, नवभारतटाइम्स.कॉम और एनडीटीवीखबर.कॉम के रास्ते पत्रकारिता में पिछले दो दशक से ज्यादा समय से सक्रिय धर्मेंद्र कुमार मीडियाभारती वेब सॉल्युशन्स के प्रमुख हैं।

बैंक ऑफ इंडिया एक अनुभवी संस्थान की तरह है जो तेज़ी से बदलते वित्तीय परिदृश्य में खुद को नए सिरे से गढ़ने की कोशिश कर रहा है। हाल के वर्षों में बैंक के शेयर को मज़बूत रिटर्न और बेहतर लाभप्रदता का सहारा मिला है, और यह रफ़्तार संकेत देती है कि यह भारत की व्यापक आर्थिक विकास यात्रा पर आगे भी सवार रह सकता है...

Read More

स्मॉल-कैप म्यूचुअल फंड में आगे का सफ़र काफी उतार-चढ़ावभरा हो सकता है। पिछले कुछ समय से इस श्रेणी में बेहतर रिटर्न नहीं मिले हैं। इसलिए, काफी समय से ठहरे हुए स्मॉल-कैप म्यूचुअल फंड में अब थोड़ी बेहतरी की उम्मीद जग रही है।

Read More

इन्फोसिस का एंथ्रॉपिक के साथ गठजोड़ उसके शेयरों की कहानी में नई ऊर्जा लेकर आया है। घोषणा के तुरंत बाद शेयर लगभग 3–4 फीसदी तक चढ़ गए, हालांकि, बाद में एक नए स्तर पर ठहर भी गए। लेकिन, यह उछाल केवल प्रचार का असर नहीं था, बल्कि इसने निवेशकों के विश्वास को दिखाया कि इन्फोसिस एआई को अपनी सेवाओं में गंभीरता से शामिल कर रहा है, न कि महज उससे प्रभावित हो रहा है...

Read More

​'दो दीवाने सहर में' हां, बिल्कुल सही लिखा है। शब्द 'सहर' है, 'शहर' नहीं। सहर का अर्थ उर्दू में 'सुबह' होता है। हालांकि, इस 'सुबह' से फिल्म का कोई लेना-देना नहीं है। अब, चूंकि फिल्म का हीरो 'श' को 'स' बोलता है, तो फिल्म के टाइटल में भी 'स' है। वैसे फिल्म की हीरोइन को इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है कि उसका हीरो 'श' को 'स' बोले या 'फ'। फिल्म के अंत तक वह अपने रिश्ते को लेकर 'फ्योर', मतलब 'स्योर', नहीं हो पाती है। निर्देशक रवि उदयवार की कारकिर्दगी भी कुछ-कुछ ऐसी ही लगती है।

Read More

जेके टायर्स एंड इंडस्ट्रीज़ भारत के ऑटो सेक्टर की तेज़ रफ्तार पर सवार है। जैसे-जैसे ट्रक, बसें और कारें बड़ी संख्या में सड़कों पर उतर रही हैं, वैसे-वैसे टायरों की मांग भी बढ़ती जा रही है। और, जेके टायर्स, अपनी रेडियल तकनीक में मज़बूत पकड़ के साथ, इस विकासक्रम को भुनाने की अच्छी स्थिति में प्रतीत होता है...

Read More

इंडस टावर्स की कहानी दरअसल भारत के डिजिटल परिवर्तन की लहर पर सवार होने की है। कंपनी के पास पहले से ही एक विशाल नेटवर्क है। 2,25,000 से अधिक टावर और लगभग 3,75,000 साझा केंद्र, जो देश के सभी 22 टेलीकॉम सर्किल में फैले हुए हैं। यही पैमाना इसे मजबूत आधार देता है...

Read More