
आगरा : भारतीय संस्कृति और जीवनशैली में ह्रदय को स्वस्थ्य रखने की क्षमता थी। मगर, बदलते दौर में भागमभाग की जिंदगी और पाश्चात्य सभ्यता से दिल के रोग बढ़ रहे हैं। अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि दुनिया में ह्रदय रोगियों के मामले में भारत तीसरे नंबर पर है।

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