सभी कमाऊ विभाग सैफई परिवार के कब्जे में
नौकरी बिकने से गरीब होंगे बेरोजगार
मथुरा। प्रदेश में सरकार नाम की कोई चीज नहीं है, हर चीज का दाम है। कोई राजनैतिक दल नहीं एक गिरोह प्रदेश पर कब्जा किए बैठा है। सारी नौकरियां पैसा और गुंडई इसी परिवार के पास सुरक्षित है। गरीबों को नौकरी नहीं मिलेगी। सत्ता से हटने के बाद जेल जाने के डर से लोकायुक्त जैसे पदों पर अपने ही परिवार के लोगों को लाने की कवायद हो रही है। यह बात आज यहां राष्ट्रीय लोकदल के अध्यक्ष चैधरी अजीत सिंह ने एक सम्मेलन के दौरान स्थानीय सेठ बीएन पोद्दार इंटर कालेज के मैदान पर कही।
केन्द्र की मोदी तथा प्रदेश की सपा सरकार सहित मायावती को भी कटघरे में खड़ा करते हुए चै. अजीत सिंह ने जमकर प्रहार किए। पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा रालोद के राष्ट्रीय अध्यक्ष चैधरी अजीत सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार के सभी कमाऊ विभाग मुलायम परिवार के लोगों के पास है, मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और चाचा शिवपाल ने सभी वित्त से लेकर निर्माण व आबकारी, ऊर्जा जैसे तमाम विभाग अपने पास रखे हुए हैं। नोएडा के भ्रष्टाचारी इंजी. यादव सिंह से मुलायम सिंह के संबंध बताते हुए अजीत सिंह ने जमकर वार किया और कहा कि पूरा मुलायम परिवार यादव सिंह के काले कारनामोें में सहयोगी रहा है। यादव सिंह को तत्कालीन मुख्यमंत्री मायावती ने ही स्थापित किया था और आज माया-मुलायम दोनों एक है। मायावती भी सीबीआई के डर से चुप हैं। उन्होंने हाल ही में प्रदेश में निकली विभिन्न नौकरियों की भर्ती पर कटाक्ष करते हुए कहा कि आज प्रदेश में टीचर, लेखपाल, एसडीएम, थानेदार सबके रेट खुले हुए हैं। मोटी रकम देने वाले को ही नौकरी मिलेगी। गरीबों को अब नौकरी नसीब नहीं होगी। लोकायुक्त की नियुक्ति पर चुटकी लेते हुए रालोद अध्यक्ष ने कहा कि मुलायम परिवार के लोग घोटालों में फंसने के डर की वजह से लोकायुक्त पद भी अपने एक रिश्तेदार को बैठाने के प्रयास में जुटे हैं। माया-मुलायम दोनों को निशाना बनाते हुए छोटे चैधरी ने कहा कि दोनों का एजेंडा एक है, लूटो और जातिवाद फैलाओं। उन्होंने मौजूद लोगों से प्रदेश से माया-मुलायम के खेल के बंद करने की अपील की। उन्होंने कहा कि माया-अखिलेश दोनों एक दूसरे को जेल भेजने की बात कहते है, लेकिन किसी ने एक दूसरे के खिलाफ जांच तक नहीं बैठाई, हां यदि राष्ट्रीय लोकदल प्रदेश की सत्ता में आया तो यह निश्चित जेल जाएंगे। मुलायम के प्रधानमंत्री बनने की इच्छा पर चुटकी लेते हुए अजीत सिंह ने कहा कि मुलायम सिंह केा सैफई का पीएम बना दो, वहीं के विकास की उन्हें चिंता है। उन्होंने सपा सुप्रीमों मुलायम सिंह यादव को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि मोदी से मिलीभगत के चलते मुलायम और माया दोनों बिहार में चुनाव लड़ेंगे, जिससे भाजपा को फायदा मिले। प्रधानमंत्री मोदी के सीबीआई जांच धमकी के बाद मुलायम सिंह यादव ने तीसरे मोर्चे के अध्यक्ष पद को छोड़ दिया।
सम्मेलन को पूर्व सांसद जयंत चैधरी तथा प्रदेश से आए नेताओं सहित जिलाध्यक्ष आरएस सिकरवार एवं रविन्द्र नरवार आदि ने भी संबोधित किया।
Read More